Showing posts with label चुनाव. Show all posts
Showing posts with label चुनाव. Show all posts

Sunday, May 17, 2009

इंडिया राइजिंग - जय हो

कम मतदान की अनिश्चितताओं से घिरती 15 वीं लोकसभा ने 16 तारीख की दोपहर से ही राहत की साँस लेनी शुरू कर दी होगी।
बहुमत और सरकार बनाने की प्रक्रिया चाहे जो रूप ले, मगर जनता ने अपनी ओर से 'माननीयों' को यथासंभव यह संकेत दे दिया है कि लोकतंत्र की प्रक्रिया में धार्मिक, जातीय और आपराधिक समीकरण उसे स्वीकार नहीं। ब्लैकमेलिंग को लालायित 'किंगमेकरों' को भी उनकी वास्तविक जगह दिखाने के पर्याप्त संकेत भेज दिए गए हैं। अगर मतदान का प्रतिशत थोडा ओर बढ़ जाता तो यह संकेत और भी बेहतर होते।
नई सरकार को मतदान के लिए घटती लोकप्रियता के सम्बन्ध में भी गंभीरतापूर्वक सोचना चाहिए। कहीं ऐसा तो नहीं कि लोकतंत्र का महापर्व एक खास सुविधासंपन्न वर्ग के इर्द-गिर्द ही सिमट कर रह जाये। पोस्टर, बैनर, दीवार लेखन जैसे माध्यम लाखों परिवारों की आजीविका के भी स्रोत थे। 60 % आबादी जो गांवों में बिजली के बिना रहती है, उसे अख़बारों ओर टीवी विज्ञापनों के द्वारा कितना 'जगाया' जा सकता है, विचारणीय है। इस चुनाव में अख़बारों ओर मीडिया की निष्पक्षता पर भी गंभीर सवाल उठे हैं। लोकतंत्र की गरिमा को बचाने के लिए चुनाव आयोग को इस दिशा में भी ध्यान देने की जरुरत है।
इस चुनाव में राहुल गाँधी चाहे ब्रांड के रूप में ही पेश किये गए हों, मगर दूरदर्शिता इसी में है कि अगले चुनाव जो निश्चित ही उन्हीं के नेतृत्व में लड़े जायेंगे की सार्थक रणनीति पर अभी से ही मनन आरंभ हो जाये।
भारतीय मतदाताओं को शुभकामनाएं।

तस्वीर- साभार गूगल
Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...